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Showing posts from November, 2019

दुआ के फूल

दिल की  लगी  का  सुरूर  हो गया, प्यार में  आशिक  मजबूर हो  गया, कसूर तेरा नही कम्बख्त उम्र का है, हर  नज़र में  नूर  ही  नूर  हो  गया|       ©️ साहिल दुआ के फूलों का भंडार समर्पित ...

जनचेतना

       जनचेतना शब्दों का  संसार है जनचेतना जीवन का आधार है जनचेतना तन - मन  की  लगाम है चेतना अंतस की  पुकार है जनचेतना | हृदय का  हार  है  जनचेतना जन-जन का प्यार है जनचेतना मन ...

वो कविता हो नही सकती

जो कवि न  मढ़ता हो, वो  कविता हो  नही सकती| जिसे कोई न  पढ़ता हो, वो कविता हो नही सकती| काव्य  का दौर  कैसा है, यहाँ सब लिख रहे हैं क्या| जिसे हृदय न गढ़ता हो, वो कविता हो नही सकती|    ...